Hindi 1 MIN READ 105 VIEWS January 24, 2023 Read in English

गर्म पानी के फायदे जिन्हें आपको छोड़ना नहीं चाहिए

Written By Archana Singh
Medically Reviewed By Dr. Aarti Nehra

शरीर में आधे से अधिक वजन पानी का होता है। पानी शरीर को हाइड्रेट करता है और शरीर के सभी कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। आप कितने गिलास पानी पीते है जिससे शरीर को कितना फायदा होता है। ठंडे पानी की तुलना में गर्म पानी व गुनगुने पानी के लाभ विशिष्ट होते हैं। गर्म पानी से होने वाले फायदों को विज्ञान ने भी बताया है।

उत्तम गर्म पेयजल को ऐसे पानी के रूप में वर्णित किया जाता है जिसका तापमान 54 और 71°C (130 और 160°F) के बीच होता है। विज्ञान ने यह सुझाव दिया है कि आदर्श तापमान पर ही पानी को पीने से ही सम्पूर्ण लाभ मिलते हैं।

गर्म पानी के विशिष्ट फायदे

ठंडा पानी पीने की तुलना में शरीर के लिए गर्म पानी के फायदे कहीं अधिक होते हैं। इसमे निम्न शामिल है:

1.बंद नाक को साफ करना

गर्म पानी से भाप बनती है।भाप को साँस से लेने से बलगम को ढीला करने में मदद मिलती है यह बंद साइनस और साइनस सिरदर्द से भी राहत प्रदान करता है। गर्म पानी पीने से गले की खराश में भी आराम मिलता है।

2. पाचन में सुधार करना 

गर्म पानी पीने से आंतों की परत को आराम मिलता है। गर्म पानी जैसे ही पाचन प्रक्रिया के दौरान आंतों से होकर गुजरता है तो आरामदायक प्रभाव प्रदान करता है। इस प्रकार भोजन आंतों के माध्यम से आसानी से चला जाता है।

3. भोजन को तोड़ने में मदद करना

शोध बताते हैं कि गर्म पानी पीने से भोजन को आंतों में घुलने और नष्ट करने में मदद मिलती है। यह मुश्किल से पचने वाले खाद्य पदार्थों को तोड़कर आसान बनाता है। इस प्रकार शरीर पोषक तत्वों को अधिक आसानी और जल्दी से अवशोषित करता है।पर्याप्त मात्रा में पानी पीने से मल नरम रहता है जिससे शौच में आसानी होती है। गर्म पानी पीने से मल त्याग को नियमित रखने में भी मदद मिलती है।

4. केंद्रीय तंत्रिका तंत्र को सक्रिय करने में मदद करना

डिहाइड्रेशन केंद्रीय तंत्रिका तंत्र के कार्य को नुकसान पहुँचाता है। यह मस्तिष्क के कार्य को बाधित करके मूड को बदलकर और चिड़चिड़ापन को बढ़ाता है। पानी पीने से डिहाइड्रेशन की कमी नहीं होती है व तंत्रिका तंत्र के कार्य भी सही तरह से चलते है।

5. कंपकंपी को नियंत्रित करना

 ठंड की स्थिति में कंपकंपी को नियंत्रित करना एक प्राकृतिक प्रतिक्रिया होती है। गर्म पानी पीने से शरीर के आतंरिक तापमान को बढ़ाने में मदद मिलती है। जिससे शरीर में अधिक गर्मी उत्पन्न होती है जो अत्यधिक ठंड के कारण होने वाली कंपकंपी और कंपन को नियंत्रित करता है।

6. रक्त परिसंचरण में सुधार करना 

गर्म पानी एक वासोडिलेटर होता है। गर्म पानी पीने से धमनियां और नसें फैलती हैं। यह ऑक्सीजन युक्त रक्त को सभी मांसपेशियों और शरीर के अंगों मे प्रभावी रूप से पहुँचता है। यह स्वास्थ्य और जीवन शक्ति में सुधार करने में भी मदद करता है।

7. वजन घटाने में सहायता करना 

नियमित रूप से गर्म पानी पीने से एक अच्छे व्यायाम के साथ-साथ शरीर में संचित वसा को पिघलाने में भी मदद मिलती है। जिससे शरीर वसा को अधिक प्रभावी ढंग से तोड़कर वजन घटाने में मदद करता है। इसके अलावा, गर्म पानी शरीर को लाभ भी पहुंचाता है क्योंकि यह शरीर की उपापचय दर को बढ़ाता है। इस प्रकार शरीर आराम की स्थिति में कैलोरी को जलाना शुरू कर देता है, जिससे वजन कम होता है।

8. एकेलेसिआ से मुक्ति प्रदान करना

भोजन नली के नियमित संकुचन और विश्राम से ही भोजन को निगलने की अनुमति मिलती है। लेकिन एकेलेसिआ एक-एसोफेजियल विकार होता है। जिसमे केवल अन्नप्रणाली ट्यूब के संकुचन की अनुमति होती है। जिससे निगलने में परेशानी होती है क्योंकि खाना इसोफेगस ट्यूब में ही फंस जाता है। हालांकि, गर्म पानी पीने से एकेलेसिआ के लक्षणों को कम किया जा सकता है।

9. शरीर को डिटॉक्स करने में मदद करना

गर्म पानी पीने से रक्त में अपशिष्ट पदार्थों को घोलने में मदद मिलती है। इसके अलावा, पानी का पर्याप्त सेवन किडनी के द्वारा अपशिष्ट पदार्थो को अधिक प्रभावी ढंग से बाहर निकालने में भी मदद करता है। पानी शरीर से विषाक्त अपशिष्ट को भी प्रभावी ढंग से बहार निकालता हैं।

10. सूजन को कम करना

यदि शरीर से विषाक्त अपशिष्ट को बहार नहीं निकाला जाता तो वह रक्त में ही रहते है। यह धीरे-धीरे शरीर के अंगों को नुकसान पहुंचाकर सूजन को बढ़ा सकते हैं जिससे पुरानी बीमारियों के विकसित होने का खतरा बढ़ जाता है। गर्म पानी पीने से शरीर को विषाक्त अपशिष्ट से आसानी से छुटकारा मिलता है। यह सूजन को कम करने में भी मदद करता है।

11. तनाव दूर करने में मदद करना

डिहाइड्रेशन केंद्रीय तंत्रिका तंत्र के कार्य को बाधित करता है और तनाव, चिड़चिड़ापन व  मूड को बदलता रहता है। गर्म पानी दिमाग के लिए एक उत्तेजक की तरह कार्य करता है। यह शरीर को हाइड्रेट करके मस्तिष्क कार्य को सुचारु रूप से करता है। यह मांसपेशियों की अकड़न को दूर करके शरीर को शांत व तनाव मुक्त रखता है।

12. रोग प्रतिरोधक क्षमता में सुधार करने में मदद करना

पानी शरीर के सम्पूर्ण स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण होता है। शरीर में हाइड्रेशन से हानिकारक विषाक्त पदार्थों और रोग पैदा करने वाले सूक्ष्मजीवों को खत्म करने में मदद करता है। यह शरीर की सम्पूर्ण प्रतिरक्षा प्रणाली में सुधार करने में भी मदद करता है।

13. मासिक धर्म की ऐंठन से राहत प्रदान करना

गर्म पानी पीने से पेट की मांसपेशियों पर आरामदायक और शांत प्रभाव पड़ता है। जैसे ही मांसपेशियां शिथिल होती हैं मासिक धर्म और मांसपेशियों की ऐंठन में तुरंत राहत मिलती है।

14. त्वचा और बालों की गुणवत्ता में सुधार

पानी पीने से त्वचा की गुणवत्ता में सुधार होता है। लेकिन गर्म पानी पीना ज्यादा अच्छा होता है। पानी की गर्मी त्वचा की गहराई तक सफाई करती है। इस प्रकार यह त्वचा को कई स्थितियों से बचाता है। बेहतर रक्त परिसंचरण बालों की गुणवत्ता के लिए आवश्यक होता है। गर्म पानी रूट फॉलिकल्स को ऊर्जा देता है, जिससे वे अधिक सक्रिय और स्वस्थ बनते हैं। ढेर सारा पानी पीने से स्कैल्प भी हाइड्रेटेड रहता है। यह शुष्क स्कैल्प के कारण होने वाली रूसी और अन्य स्थितियों के कारण को कम करता है।

15. समय से पहले बुढ़ापा रोकने में मदद करना

शरीर में मौजूद विषाक्त पदार्थ तेजी से उम्रदराज बनाते हैं। गर्म पानी पीने से विषाक्त पदार्थ को खत्म करने में मदद मिलती है जिससे यह त्वचा की समय से पहले ही उम्र बढ़ने से रोकता है। इसके अलावा, गर्म पानी पीने से त्वचा की कोशिकाओं की मरम्मत की प्रक्रिया भी तेज होती है। यह जवां दिखने वाली त्वचा प्रदान करता है।

गर्म पानी पीने के साइड इफेक्ट

जल जीवन के लिए अमृत होता है। लेकिन बहुत अधिक पानी पीने या गर्म पानी पीने के कुछ दुष्प्रभाव भी होते हैं। नीचे कुछ गर्म पानी पीने के दुष्प्रभाव सूचीबद्ध हैं।

● नल का गर्म पानी पीना दूषित पदार्थों से भरा होता है। क्योंकि गर्म पानी ठंडे पानी की तुलना में अधिक दूषित पदार्थों को घोलता है। पानी को उबालकर जब तक कमरे के तापमान तक ठंडा नहीं किया जाता तब तक यह पीने योग्य नहीं होता है।

● गर्म पानी पीने से शरीर के विषैले पदार्थ बाहर निकल जाते हैं। लेकिन गर्म पानी बार-बार पीने से पेशाब आती है जिससे शरीर में इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन भी हो सकता है।

● सोते समय गर्म पानी पीने से बार-बार पेशाब आना और मल त्याग में वृद्धि होती है जिससे  नींद में भी खलल पड़ता है।

● बार-बार गर्म पानी पीने से किडनी पर भी दबाव रहता हैं। किडनी का काम बढ़ने पर इसको नुकसान हो सकता है।

● अत्यधिक गर्म पानी पीने से होंठ और मुंह की अंदर की परत झुलस जाती है। इससे मामूली जलन भी हो सकती है, जिससे खाना चबाना मुश्किल हो जाता है।

● अत्यधिक गर्म पानी पीने से अन्नप्रणाली के संवेदनशील अस्तर को भी नुकसान होता है।

गर्म पानी पीते समय सावधानियां

गर्म पानी के लाभ निश्चित रूप से इसके खतरे और दुष्प्रभावों से कहीं अधिक होते हैं। गर्म पानी पीते समय उचित सावधानी बरतने से खतरे कम हो सकते हैं। नीचे कुछ सावधानियां सूचीबद्ध हैं जो गर्म पानी पीने के दुष्प्रभावों को कम करने में मदद करती हैं।

● बहुत ज्यादा गर्म पानी न पियें।

● पानी का तापमान 54 और 71 डिग्री सेल्सियस के बीच सुनिश्चित करें।

● गर्म पानी को गटकना नहीं चाहिए बल्कि धीरे -धीरे पिएं।

● त्वचा को भाप से दूर रखना चाहिए क्योंकि इससे थर्मल बर्न हो सकता है।

निष्कर्ष

पानी का सेवन शरीर के लिए अद्भुत काम करता है। पानी का तापमान थोड़ा गर्म होने पर यह कई गुना फायदेमंद हो जाता हैं। पानी का आदर्श तापमान 54 और 71 डिग्री सेल्सियस के बीच होना चाहिए। गर्म पानी पीने के फायदों में बेहतर पाचन और कब्ज से तुरंत राहत शामिल होता है। गर्म पानी की भाप लेने से नाक में जमा गंदगी भी कम होती है और साइनस खुल जाता है।

गर्म पानी पीने से शरीर डिटॉक्स भी होता है। यह शरीर के लिए एंटी-एजिंग औषधि के रूप में कार्य करता है क्योंकि यह त्वचा और बालों की गुणवत्ता में सुधार करता है। गर्म पानी पीने के अधिकतम लाभ लेने के लिए यह सुनिश्चित करें कि पानी ज्यादा गर्म न हो क्योंकि यह होंठ और मुंह की अंदरूनी परत को जला सकता है। इसके अलावा गर्म पानी ज्यादा नहीं पीना चाहिए क्योंकि इसके कारण बार-बार पेशाब आती है जिससे इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन हो सकता है।

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